Rise To Smileeee……😃😇😆☀️

*खुशवंत सिंह* के लिखे ज़िंदगी के दस सूत्र । इन दसों सूत्रों को पढ़ने के बाद पता चला कि सचमुच खुशहाल ज़िंदगी और शानदार मौत के लिए ये सूत्र बहुत ज़रूरी हैं।

1. *अच्छा स्वास्थ्य* - अगर आप पूरी तरह स्वस्थ नहीं हैं, तो आप कभी खुश नहीं रह सकते। बीमारी छोटी हो या बड़ी, ये आपकी खुशियां छीन लेती हैं।

2. *ठीक ठाक बैंक बैलेंस* - अच्छी ज़िंदगी जीने के लिए बहुत अमीर होना ज़रूरी नहीं। पर इतना पैसा बैंक में हो कि आप आप जब चाहे बाहर खाना खा पाएं, सिनेमा देख पाएं, समंदर और पहाड़ घूमने जा पाएं, तो आप खुश रह सकते हैं। उधारी में जीना आदमी को खुद की निगाहों में गिरा देता है।

3. *अपना मकान* - मकान चाहे छोटा हो या बड़ा, वो आपका अपना होना चाहिए। अगर उसमें छोटा सा बगीचा हो तो आपकी ज़िंदगी बेहद खुशहाल हो सकती है।

4. *समझदार जीवन साथी* - जिनकी ज़िंदगी में समझदार जीवन साथी होते हैं, जो एक-दूसरे को ठीक से समझते हैं, उनकी ज़िंदगी बेहद खुशहाल होती है, वर्ना ज़िंदगी में सबकुछ धरा का धरा रह जाता है, सारी खुशियां काफूर हो जाती हैं। हर वक्त कुढ़ते रहने से बेहतर है अपना अलग रास्ता चुन लेना।

5. *दूसरों की उपलब्धियों से न जलना* - कोई आपसे आगे निकल जाए, किसी के पास आपसे ज़्यादा पैसा हो जाए, तो उससे जले नहीं। दूसरों से खुद की तुलना करने से आपकी खुशियां खत्म होने लगती हैं।

6. *गप से बचना* - लोगों को गपशप के ज़रिए अपने पर हावी मत होने दीजिए। जब तक आप उनसे छुटकारा पाएंगे, आप बहुत थक चुके होंगे और दूसरों की चुगली-निंदा से आपके दिमाग में कहीं न कहीं ज़हर भर चुका होगा।

7. *अच्छी आदत* - कोई न कोई ऐसी हॉबी विकसित करें, जिसे करने में आपको मज़ा आता हो, मसलन गार्डेनिंग, पढ़ना, लिखना। फालतू बातों में समय बर्बाद करना ज़िंदगी के साथ किया जाने वाला सबसे बड़ा अपराध है। कुछ न कुछ ऐसा करना चाहिए, जिससे आपको खुशी मिले और उसे आप अपनी आदत में शुमार करके नियमित रूप से करें।

8. *ध्यान* - रोज सुबह कम से कम दस मिनट ध्यान करना चाहिए। ये दस मिनट आपको अपने ऊपर खर्च करने चाहिए। इसी तरह शाम को भी कुछ वक्त अपने साथ गुजारें। इस तरह आप खुद को जान पाएंगे।

9. *क्रोध से बचना* - कभी अपना गुस्सा ज़ाहिर न करें। जब कभी आपको लगे कि आपका दोस्त आपके साथ तल्ख हो रहा है, तो आप उस वक्त उससे दूर हो जाएं, बजाय इसके कि वहीं उसका हिसाब-किताब करने पर आमदा हो जाएं।

10. *अंतिम समय* - जब यमराज दस्तक दें, तो बिना किसी दुख, शोक या अफसोस के साथ उनके साथ निकल पड़ना चाहिए अंतिम यात्रा पर, खुशी-खुशी। शोक, मोह के बंधन से मुक्त हो कर जो यहां से निकलता है, उसी का जीवन सफल होता है। *मुझे नहीं पता कि खुशवंत सिंह ने पीएचडी की थी या नहीं। पर इन्हें पढ़ने के बाद मुझे लगने लगा है कि ज़िंदगी के डॉक्टर भी होते हैं। ऐसे डॉक्टर ज़िंदगी बेहतर बनाने का फॉर्मूला देते हैं । ये ज़िंदगी के डॉक्टर की ओर से ज़िंदगी जीने के लिए दिए गए नुस्खे है।*

Modi govt's political pressure made RBI governor not seeking 2nd terms, it is the worst ever decision in MODI regime..

  • I really don’t care abt these idiots
  • Yes
  • Useless servey… :joy:
  • No

0 voters

I'm fascinated with myself and love hearing the sound of my own voice. I'd like to hear what I have to say. A lot of people don't like to be alone because they truely don't like themselves, but I love me..😌

Every day is your day.... Smile your heart out.... 😁

Egjaklyyy

न करो जुर्रत किसी के वक़्त पे हंसने की कभी....!! ये वक़्त है जनाब चेहरे याद रखता है..............😃😄😄

पितृ दिवस पर कुछ पंक्तियाँ....
"पिता राग है, पिता कल्पना, नहीं कहीं इनका सानी,
पिता बिना जीवन है ऐसा जैसे मछली बिन पानी। 
पिता ही प्रभु, पिता प्रार्थना, इससे बढ़कर कौन यहाँ,
पिता नहीं तो ढूँढेंगे फिर जीवन का पर्याय कहाँ। पिता साँस है, पिता भावना, हम में रक्त पिता का है,वही सुखी है जग में केवल जो भी भक्त पिता का है।"HappyFathersDay

Kya acha kya bura kya bhala dekha, Jab bhi dekha tuhe apne ru-ba-ru dekha, Socha bahut bhulkar sochoon na tujhe, Jis raat bhi aankh lagi fir tujhe har su dekha..

ये शराब भी एक अजब शय है ए गालिब , पीते ही चेहरे धुंधले और किरदार साफ नज़र आते है । #copied

💙

रोयेंगे देखकर वो बिस्तर की हर शिकन को ...वह हाल लिख चला हूँ करवट बदल बदल के

Army Love Shayari - To Wife
Rajasthan Mein Garmi Na Hoti,
Ya Jammu Mein Sardi Na Hoti,
Zaroor Milne Aate Jaanam Agar Badan Pe Ye Vardi Na Hoti...
GOOD EVENING FRIENDSSSS. .


Yogeshwar Dutt in heart-touching poem

JNU row: If Afzal Guru a martyr, who was Lance Naik Hanumanthappa? Asks Yogeshwar Dutt in heart-touching poem

Yogeshwar Dutt in his words :-

किन लोगों के लिए सेना के जवान जान की बाज़ी लगा रहे हैं और किन लोगों के गर्व के लिए खिलाड़ी दिन रात पसीना बहा रहे हैं

ग़ज़नी का है तुम मे खून भरा 
जो अफ़ज़ल के गुण तुम गाते हो
जिस देश मैं तुमने ज्नम लिया 
उसको दुश्मन बतलाते हो

भाषा की ये कैसी आज़ादी 
जो तुम भारत मा का अपमान करो 
अभिव्यक्ति का ये कैसा रूप 
जो तुम देश की इज़्ज़त नीलाम करो

अफ़ज़ल को अगर शहीद कहते हो
तो हनुमानथप्पा क्या कहलाएगा 
कोई इनके रहनूमाओ का 
मज़हब मुझको बतलाएगा

अपनी मा से जंग करके 
ये कैसी सता तुम पाओगे 
जिस देश के तुम गुण गाते हो
वहा बस काफ़िर कहलाओगे

हम तो अफ़ज़ल मारेंगे 
तुम फिर अफ़ज़ल पैदा कर लेना
तुम जैसे गददारो पे 
भारी पड़ेगी भारत के सेना

तुम ललकारो और हम ना आए
इतने बुरे हालात नही 
भारत को बर्बाद करो 
इतनी तुम्हारी औकात नही

कलम पकड़ने वालो हाथो को
बंदूक उठाना ना पड़ जाए 
अफ़ज़ल के लिए लड़ने वाले 
कही हमारे हाथो ना मर जाए

भगत सिंग और आज़ाद की 
इस देश मैं कोई कमी नही बस इंक़लाब होना चाहिए 
इस देश को बर्बाद करने वाली हर आवाज़ दब्नि चाहिए

ये देश तुम्हारा है ये देश हमारा है 
इसका हम सम्मान करे 
जिस धरती पे जनम लिया 
उसपे हम अभिमान करे

ये कविता हमारे देश भकत साथी खिलाड़ी योगेशवर दत के सौजन्या से 
जिसे हम दिल से नमन करते है .

मातृभूमि की सेवा और सम्मान हम सबकी परम और प्रथम दायित्व है । जय हिन्द

A heart touching poem by a Solider..

If I die in a war zone,

ßox me up n send me home,

Put my gun on my chest,

N tell my mom i did my best,

N tell my dad not to bow,

He will never get tension from me now,

Tell my ßro study perfectly,

Keys of my bike will be his
permanently,

Tell my sis dont be upset,

Her bro will not rise after this
sunset,

Dont tell my friends they are
hearties,

N start 2 ask for parties,
Tell my love not to cry...
"COZ IM A Solider....BORN 2
DIE... :))

Bada ho k .....

  • Paisa paisa paisa kamaunga
  • Jeevan kati patang hai
  • Dont grow up, its a trap
  • Baap ka, Dada ka, Bhai ka , sabka badla lunga
  • Ye sab to socha hi Nai kabhi
  • Daaru pi k btaunga
  • 4 log se puchna padega pehle
  • Aasik banunga

0 voters

बहुत दिन हो गये किसी ने अवॉड् वापसी नही की| सोच रहा हुँ अपनी इँजीनियरींग कि डिगी्ंंँ ही सरकार को वापस कर दुँ, वैसै भी किसी काम की नहीं है|

People dont fear pouring over deep dark wells thinking they'd fall into it. They secretly fear the feeling of wanting to jump into it.....

आजकल लोगों के आँख से आँसू भी सुख गएँ हैं; क्योंकि शायद उनमें अंहकार की गर्मी आ गई हैं।

Gdn8

This made me cry!!

https://www.youtube.com/watch?v=eYqEpuifLI8